उनको ख्याल आज हमारा है आया ,
कहीं पानी में देखी बनी अजीव छाया ।।

वोटर चुप ,उम्मीदवार बहुत गिड़गिडाया ,
कल तक पूछा नहीं आज गले से लगाया ।।

खेल चलेगा जब तक निशान न लगाया ,
वोट डालते ही ,समय ने पलटा बही खाया ।।

चुन चुन कर हलाल होंगे सब यही है माया ,
कहेगा नेता गली गली बहुत तुमने दौड़ाया ।।

वोह चन्द दिनों की दौड में, बहुत था घवराया ,
पाँच साल तक दौड़ाऊंगा समय वोह है आया।।

चर्चे करोगे गली गली वोट देकर हाथ कटवाया,
वोह ही अच्छा था क्युँ बहकावे में ,जग्गू, आया।।